हमसफ़र मेरे हमसफ़र,चाहूँ मैं तुमको कुछ इस कदर! हमसफ़र मेरे हमसफ़र,चाहूँ मैं तुमको कुछ इस कदर!
जीवन की साँझ में एक दूजे को सँभालते हुए। हमसफ़रएक दूजे को खोने के डर के साथ। जीवन की साँझ में एक दूजे को सँभालते हुए। हमसफ़रएक दूजे को खोने के डर के साथ।
यही सोचकर ख़ताएं, बार-बार करते हैं। यही सोचकर ख़ताएं, बार-बार करते हैं।
उत्सर्ग कर दी जिंदगी उसके नाम ,जबतक जीयेंगें संग ही जीयेंगें । उत्सर्ग कर दी जिंदगी उसके नाम ,जबतक जीयेंगें संग ही जीयेंगें ।
दर्द-ए-दिल रखते है हम हमसफ़र हम भी कहते है ये आपकी अर्ज-ए-दिल्लगी नहीं। दर्द-ए-दिल रखते है हम हमसफ़र हम भी कहते है ये आपकी अर्ज-ए-दिल्लगी नहीं।
खाई थी साथ जिसने जीने-मरने की लाखों कसमें, सागर का ख़्वाब देकर सहरा में छोड़ दिया है। खाई थी साथ जिसने जीने-मरने की लाखों कसमें, सागर का ख़्वाब देकर सहरा में छोड़ दिया...